पिनाहट पैन्टून पुल चालू न होने से बाजार में पसरा सन्नाटा,व्यापारी चिंतित

-लोक निर्माण विभाग ने जलस्तर की बढ़ोत्तरी को बताया पुल निर्माण में बाधा

-लोक निर्माण विभाग ने 15 नवंबर तक चालू करने का दिया आश्वासन

पिनाहट। पिनाहट – उसेथ घाट चंबल नदी पर उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश को जोड़ने वाले पैन्टून पुल का निर्माण कार्य अभी तक शुरू नहीं हुआ है ।जबकि नियम अनुसार 15 अक्टूबर को पुल पर आवागमन चालू हो जाना था। किंतु अभी तक यहाँ पुल बनाने का कार्य प्रारंभ नहीं हुआ है।दीवाली का त्यौहार भी नजदीक आ गया। और बाजारों में अभी से सन्नाटा छाया हुआ है। पुल चालू न होने से पिनाहट कस्बे के व्यापारियों में आगामी दीपावली पर बाजार न चलने भय सता रहा। और व्यापारियो में भारी आक्रोश व्याप्त है।
          चंबल नदी के पिनाहट उसेद घाट पर प्रतिवर्ष 15 अक्टूबर से 14 जून तक पैटून पुल से आवागमन होता है। ।बरसात में दुर्घटना की आशंका के चलते 15 जून से इस पुल को चार माह के लिये हटा दिया जाता है ।इसके बाद पुल का निर्माण कार्य एक अक्टूबर से प्रारंभ हो जाता है। जो लगभग 15 अक्टूबर तक तैयार होकर आवागमन के लिए खोल दिया जाता है ।किंतु इस बार पुल बनाने की प्रक्रिया अभी तक चालू नहीं हुई है।जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।वर्तमान में पुल चालू न होने के कारण बाह, पिनाहट, आगरा, बटेश्वर, शमशाबाद, फिरोजाबाद, राजाखेड़ा के लोगों को भी लगभग 100 से 120 किलोमोटर का अतिरिक्त लंबा चक्कर लगाकर अंबाह, पोरसा,दिमनी जाना पड़ रहा है  । इसी तरह अंबाह, पोरसा, दिमनी, मुरैना आदि इलाके के लोगों को लम्बा सफर तय करके राजस्थान होकर पिनाहट आना पड़ रहा है।इतना लंबा सफर करने से जहाँ लोगो की हालत भी खराब हो जाती है।वहीं उनको आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ता है ।और समय की भी बर्बादी हो रही है। ज्ञात रहे कि उक्त पुल के बन जाने से चंबल पार करने पर यहां के आसपास के लोगों की दूरी समय दोनों की बचत होती है ।ज्ञात रहे कि इस पुल के जरिए छोटे से लेकर बड़े वाहनों का एक दूसरे के राज्यों में आवागमन होता है।पुल का निर्माण कार्य शुरू न होने से व्यापारियों में आक्रोश व्याप्त है।क्यों कि पिनाहट कस्बा बाजार में दीपावली पर खरीददारी के लिऐ अधिकतर अम्बाह, मुरैना व पोरसा गांव के ग्रामीण आते है। लेकिन इस बार पुल न बनने के चलते बाजार में सन्नता छाया हुआ है। जिससे व्यापारी आगामी दीपावली त्यौहार को लेकर चिंतित है। व्यापारियो को दीपावली त्यौहार पर बाजार न चलने का डर सता रहा है।

   वही इस मामले में प्रांतीय खंड लोक निर्माण विभाग एक्सईयन प्रदीप कुमार का कहना है कि अभी चंबल का जलस्तर सामान्य नहीं है।करीब मीटर जलस्तर अधिक है। जिसके चलते पुल निर्माण में देरी हो रही है। सामान्य होते ही पिनाहट घाट पर पैन्टून पुल का संचालन नवंबर माह में शुरू करा दिया जाएगा ।और दीपावली बाद 15 नवंबर तक पुल चालू होने की संभावना है।

क्या कहते हैं व्यापारी

1– पिनाहट कस्बे के गल्ला व्यापारी केशव गुप्ता का कहना है कि बड़ी संख्या (50 से 60% )में मध्यप्रदेश के अंबाह ,मुरैना और पोरसा तक के किसान अपना गल्ला ( बाजरा) बेचने के लिए पिनाहट आते है। लेकिन इस बार पुल न बनने के चलते कोई भी किसान अपना गल्ला बेचने के लिए पिनाहट नहीं आ रहा है ।क्यो कि पुल चालू न होने के चलते वाहन नहीं आ पा रहे है।जिससे बाजार में त्यौहार पर कोई रौनक नजर नहीं आ रही है ।

2-पिनाहट कस्बे के सोने चांदी के आभूषण व्यापारी मोनू वर्मा का कहना है कि पुल चालू न होने के चलते बाजार में मायूसी छाई हुई है। दीपावली पर बड़ी संख्या में मध्यप्रदेश के लोग कस्बे का बाजार करने के लिए आते हैं। और दीपावली पर लक्ष्मी गणेश जी के पूजन के लिए सोने के आभूषण भी खरीदते हैं ।लेकिन पुल चालू न होने के चलते इस बार कोई रौनक नहीं दिख रही है ।

3-कस्बे के हलवाई व्यापारी चंद्र प्रकाश वर्मा का कहना है कि उनकी हलवाई की दुकान है।वह दीपावली पर अपनी मिठाई की दुकान लगाते हैं ।बड़ी संख्या में मध्य प्रदेश के ग्राहक हैं  खरीददारी के लिए आते हैं ।लेकिन इस वार पुल नहीं बना है ।कोई भी ग्रामीण खरीददारी के लिए नहीं आ पा रहा है । पिनाहट का बाजार करने के लिए 50 से 60% ग्राहक मध्यप्रदेश का आता है। लेकिन इस साल  दीपावली सूनी लग रही है ।

4-कस्बे में मोबाइल की दुकान चलाने वाले धर्मेंद्र वर्मा का कहना है कि उनकी किराना स्टोर व मोबाइल की दुकान है। उनके सभी ग्राहक मध्य प्रदेश की तरफ से खरीददारी के लिए आते हैं ।लेकिन इस बार पुल न बनने के चलते केवल 10 से 20% तक ही लोग खरीददारी के लिए आ रहे हैं। जिससे उन्हें काफी नुकसान है। दीपावली पर बड़ी संख्या में लोग मोबाइल खरीदने आते है ।लेकिन इस बार खरीददारी के लिए नहीं आ रहे हैं ।

संवाददाता डॉ मनोज गुप्ता